पाकिस्तानी एयरस्ट्राइक में 3 अफगान क्रिकेटरों की मौत, अफगानिस्तान ने टी-20 सीरीज रद्द की हमले में 14 आम नागरिकों की भी मौत, काबुल ने पाकिस्तान पर लगाया गंभीर आरोप
काबुल/इस्लामाबाद: पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। ताजा घटनाक्रम में पाकिस्तानी वायुसेना की एयरस्ट्राइक में अफगानिस्तान के नंगरहार प्रांत में कम से कम 17 लोगों की मौत हो गई है, जिनमें तीन अफगान क्लब क्रिकेटर भी शामिल हैं। इस घटना के बाद अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड (ACB) ने पाकिस्तान के खिलाफ होने वाली आगामी टी-20 सीरीज से खुद को अलग कर लिया है।
अफगान मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, यह एयरस्ट्राइक शनिवार देर रात की गई, जब पाकिस्तान ने दावा किया कि सीमा पार से आतंकी गतिविधियों को रोकने के लिए कार्रवाई की जा रही है। हालांकि, अफगानिस्तान ने इस दावे को “झूठा और बेबुनियाद” बताया है।
स्थानीय प्रशासन ने बताया कि नंगरहार प्रांत के चपरहार इलाके में एक क्लब क्रिकेट टीम अभ्यास के बाद लौट रही थी, तभी अचानक ऊपर से आए लड़ाकू विमानों ने बमबारी कर दी। विस्फोट में तीन युवा क्रिकेटरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए। इसके अलावा, 14 आम नागरिक, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं, इस हमले का शिकार बने।
अफगानिस्तान सरकार ने इस हमले की कड़े शब्दों में निंदा की है और पाकिस्तान से तत्काल माफी की मांग की है। काबुल ने कहा कि “यह हमला हमारे देश की संप्रभुता का उल्लंघन है और निर्दोष लोगों की हत्या को किसी भी तरह उचित नहीं ठहराया जा सकता।”
दूसरी ओर, पाकिस्तान सेना के प्रवक्ता ने दावा किया है कि एयरस्ट्राइक का निशाना आतंकी ठिकाने थे, जहां से पाकिस्तान में कई हालिया हमलों की साजिश रची गई थी। प्रवक्ता ने कहा, “हमारा उद्देश्य आतंकवाद का सफाया करना है, किसी नागरिक को नुकसान पहुंचाना नहीं।”
हालांकि, अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने इस घटना के विरोध में बड़ा कदम उठाते हुए पाकिस्तान के खिलाफ होने वाली 3 मैचों की टी-20 सीरीज से अपना नाम वापस ले लिया है। ACB के अध्यक्ष ने बयान जारी कर कहा, “हम उन युवा क्रिकेटरों की मौत पर शोक व्यक्त करते हैं, जो देश का भविष्य थे। ऐसे माहौल में खेल संभव नहीं है।”
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने भी इस घटना पर दुख जताया है और दोनों देशों से संयम बरतने की अपील की है। क्रिकेट जगत में इस हमले की व्यापक निंदा हो रही है, वहीं अफगान खिलाड़ियों ने सोशल मीडिया पर अपने साथियों को श्रद्धांजलि दी है।
इस घटना से पहले भी दोनों देशों के बीच सीमावर्ती झड़पें और गोलीबारी की घटनाएं हो चुकी हैं। विश्लेषकों का कहना है कि यह हमला न केवल राजनीतिक तनाव को बढ़ाएगा बल्कि खेल जगत में भी कटुता लाएगा, जो वर्षों से दोनों देशों को जोड़ने का काम करता रहा है।
फिलहाल अफगानिस्तान में शोक की लहर है। स्थानीय लोग सरकार से अंतरराष्ट्रीय समुदाय के सहयोग की मांग कर रहे हैं ताकि ऐसे हमले दोबारा न हों। उधर, पाकिस्तान की ओर से अभी तक कोई औपचारिक माफी या जांच की घोषणा नहीं की गई है।